तातापानी में ज्ञानोत्सव 2026 की व्यापक तैयारियां


महोत्सव के दौरान पर्चा वितरण से लेकर वैदिक यज्ञ और विचार मंथन तक, विस्तृत कार्यक्रम तय
तातापानी। तातापानी महोत्सव के दौरान ही मंदिर समिति द्वारा ज्ञानोत्सव 2026 को लेकर जन-जागरूकता अभियान शुरू कर दिया गया था। समिति के सदस्यों ने अपने कार्यालय के साथ-साथ जनसंपर्क विभाग के माध्यम से पर्चों का वितरण कर लोगों को आयोजन की जानकारी दी और सहभागिता के लिए प्रेरित किया।
ज्ञानोत्सव 2026 के मुख्य कर्ताधर्ता रामराज साहू ने बताया कि यह आयोजन धार्मिक, सांस्कृतिक और वैचारिक दृष्टि से बहुआयामी होगा। कार्यक्रम का प्रथम वेला प्रातः कालीन वैदिक यज्ञ से आरंभ होगा, जबकि द्वितीय वेला में भागवत कथा, समाज कथा और ज्ञान कथा की त्रिवेणी प्रस्तुत की जाएगी। यह क्रम प्रतिदिन रात्रि 9:00 बजे तक चलेगा।
5 दिवसीय आयोजन, अनवरत वैष्णव भंडारा
12 फरवरी से 16 फरवरी तक कुल 5 दिनों तक चलने वाले इस ज्ञानोत्सव में प्रतिदिन वैष्णव भंडारे का आयोजन किया जाएगा। भंडारा प्रातः 11:00 बजे से रात्रि 10:00 बजे तक बिना किसी व्यवधान के श्रद्धालुओं के लिए खुला रहेगा।
देशभर के विद्वानों का होगा मंथन
मध्याह्न काल में देश के विभिन्न हिस्सों से आए विद्वान सामाजिक और संवैधानिक विषयों पर गंभीर विचार मंथन करेंगे। समिति का मानना है कि इससे समाज को दिशा देने वाले विचार सामने आएंगे और बौद्धिक विमर्श को नई ऊर्जा मिलेगी।
मंदिर समिति के अनुसार ज्ञानोत्सव 2026 का उद्देश्य केवल आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि ज्ञान, संस्कार और सामाजिक चेतना को जन-जन तक पहुंचाना है। उल्लेखनीय है कि तातापानी में इस आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में उत्साह लगातार बढ़ता जा रहा है।
