रामानुजगंज: ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ को लेकर गांधी चौक पर कांग्रेसियों का एक दिवसीय उपवास
वर्तमान सरकार द्वारा मनरेगा (MGNREGA) के मूल स्वरूप में किए जा रहे बदलावों के विरोध में आज जिला कांग्रेस कमेटी बलरामपुर-रामानुजगंज ने हुंकार भरी। रविवार, 11 जनवरी 2026 को स्थानीय गांधी चौक पर जिला अध्यक्ष हरिहर यादव के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ के तहत एक दिवसीय उपवास रखकर अपना विरोध दर्ज कराया।
सरकार की नई नीति पर उठाए सवाल
धरना प्रदर्शन को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष हरिहर यादव ने कहा कि मनरेगा ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ है, जिसे पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने ग्रामीणों को रोजगार की गारंटी देने के लिए बनाया था। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार ‘विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार और आजीविका मिशन ग्रामीण’ के नाम पर इस योजना की मूल भावनाओं को समाप्त कर रही है।
प्रमुख आपत्तियां और मांगें
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने निम्नलिखित मुख्य बिंदुओं पर सरकार को घेरा:
मूल भावना से खिलवाड़: कांग्रेस का कहना है कि नई योजना में वह सुरक्षा और अधिकार नहीं हैं जो मूल मनरेगा कानून में थे।
जनविरोधी निर्णय: कार्यकर्ताओं के अनुसार, सरकार के हालिया बदलाव आम जनता की आशाओं के विपरीत हैं।
निरंतर विरोध की चेतावनी: हरिहर यादव ने स्पष्ट किया कि यदि सरकार मनरेगा के पुराने स्वरूप को बहाल नहीं करती है, तो कांग्रेस इस मसले पर सड़क से लेकर सदन तक अपना विरोध जारी रखेगी।
उत्साही भागीदारी
इस उपवास कार्यक्रम में जिले के वरिष्ठ कांग्रेस नेता, ब्लॉक अध्यक्ष, और भारी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए। सभी ने एक स्वर में सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और ग्रामीण आजीविका की सुरक्षा की मांग की।


