अंतरराज्यीय गांजा तस्करी का बड़ा पर्दाफाश: पिकअप के गुप्त चेंबर से 1 क्विंटल से अधिक गांजा जब्त, 50 लाख आंकी गई कीमत
बलरामपुर। उड़ीसा से छत्तीसगढ़ के रास्ते बिहार तक फैले अंतरराज्यीय मादक पदार्थ तस्करी के नेटवर्क पर प्रहार करते हुए बलरामपुर सिटी कोतवाली पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने आधी रात घेराबंदी कर एक सफेद रंग की बोलेरो पिकअप के गुप्त चेंबर से 109.235 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में जब्त गांजे की अनुमानित कीमत 50 लाख रुपये से अधिक आंकी गई है। पुलिस ने मौके से बिहार के बक्सर निवासी एक अंतरराज्यीय तस्कर को गिरफ्तार कर वाहन और मादक पदार्थ को अपने कब्जे में ले लिया है।

काल्पनिक फोटो ☝️
डाले के नीचे बना रखा था सीक्रेट चेंबर
पुलिस के अनुसार, उड़ीसा से बलरामपुर के रास्ते बिहार में गांजे की एक बड़ी खेप खपाए जाने के संबंध में लगातार इनपुट मिल रहे थे। इसके आधार पर पुलिस पूर्व में एनडीपीएस के मामलों में लिप्त संदिग्धों के संपर्कों और उनकी सोशल मीडिया गतिविधियों पर कड़ी नजर बनाए हुए थी। इसी बीच 24 सितंबर की मध्यरात्रि मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली कि बोलेरो पिकअप क्रमांक JH10AQ5144 में गांजे की बड़ी खेप ले जाई जा रही है।
सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस ने संभावित मार्ग पर मोबाइल चेक पोस्ट लगाकर घेराबंदी की। रात के सन्नाटे में अंबिकापुर की ओर से आ रही संदिग्ध पिकअप को रोककर सघन तलाशी ली गई। प्रथम दृष्टया वाहन सामान्य नजर आ रहा था, लेकिन बारीकी से जांच करने पर डाले के नीचे बने एक विशेष गुप्त चेंबर का सुराग मिला। पुलिस ने जब डाले को अलग कर जांच की, तो उसके भीतर खाकी टेप से पैक किए गए 100 पैकेट बरामद हुए। वजन कराने पर कुल मात्रा 109 किलो 235 ग्राम पाई गई।
बिहार का तस्कर गिरफ्तार, भेजा गया जेल
पुलिस ने प्रतिबंधित गांजा और तस्करी में प्रयुक्त बोलेरो पिकअप को विधिवत जब्त करते हुए चालक योगीराज (29 वर्ष), पिता ऐशन शाह, निवासी ग्राम कतिकनार (वार्ड क्रमांक 5, थाना नवानगर, जिला बक्सर, बिहार) को गिरफ्तार कर लिया।
आरोपित के खिलाफ थाना सिटी कोतवाली बलरामपुर में अपराध क्रमांक 167/2026 के तहत नारकोटिक्स ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंसेस (NDPS) एक्ट की धारा 20(ख)(2)(ग) के तहत गैर-जमानती अपराध पंजीबद्ध किया गया। विधिक औपचारिकताओं के बाद आरोपित को विशेष न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस सिंडिकेट से जुड़े उड़ीसा के सप्लायरों और बिहार के खरीदारों की पहचान के लिए तकनीकी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और जल्द ही अन्य संलिप्त आरोपितों को भी बेनकाब किया जाएगा। यह प्रभावी कार्रवाई पुलिस महानिरीक्षक सरगुजा रेंज दीपक कुमार झा व पुलिस अधीक्षक बलरामपुर वैभव बैंकर के मार्गदर्शन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विश्वदीपक त्रिपाठी के कुशल पर्यवेक्षण में संपन्न हुई।
