सामाजिक सद्भाव बिगाड़ने की साजिश बर्दाश्त नहीं: सेन-नाई समाज ने विवादित गीत के खिलाफ खोला मोर्चा, पुलिस से सख्त कार्रवाई की गुहार
बलरामपुर/रामानुजगंज। फेसबुक और यूट्यूब जैसे लोकप्रिय सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर प्रसारित एक विवादित गीत को लेकर सेन-नाई समाज में भारी रोष व्याप्त हो गया है। गीत में समाज विशेष के प्रति अभद्र, आपत्तिजनक और जातिसूचक शब्दावली का प्रयोग किए जाने के विरोध में सेन-नाई समाज के प्रतिनिधिमंडल ने मोर्चा खोल दिया है। समाज के पदाधिकारियों ने बलरामपुर-रामानुजगंज पुलिस अधीक्षक (SP) तथा रामचंद्रपुर थाना प्रभारी को एक विस्तृत लिखित शिकायत पत्र सौंपकर दोषियों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई की गुहार लगाई है।

सामाजिक प्रतिष्ठा को आहत करने और नीचा दिखाने का आरोप
पुलिस को सौंपे गए ज्ञापन में समाज के प्रतिनिधियों ने स्पष्ट आरोप लगाया है कि प्रसारित गीत के बोल अत्यंत अमर्यादित हैं और इसके जरिए पूरे सेन-नाई समाज को सुनियोजित तरीके से अपमानित व नीचा दिखाने का कुत्सित प्रयास किया गया है। पदाधिकारियों का कहना है कि इस प्रकार की जातिसूचक और गरिमा को चोट पहुंचाने वाली सामग्री से समाज के स्वाभिमान को गहरी ठेस पहुंची है, जिससे समुदाय के लोगों में भारी असंतोष और आक्रोश पनप रहा है।
गैर-जमानती धाराओं में एफआईआर और डिजिटल साक्ष्य प्रस्तुत
कार्रवाई की मांग को पुख्ता करते हुए समाज की ओर से पुलिस अधिकारियों को उक्त विवादित वीडियो और सोशल मीडिया पोस्ट्स के सीधे लिंक भी साक्ष्य के तौर पर उपलब्ध कराए गए हैं। समाज ने मांग की है कि संबंधित गायक, गीतकार (लिरिक्स राइटर) तथा इसे डिजिटल प्लेटफॉर्म पर तैयार व अपलोड करने वाली पूरी प्रोडक्शन टीम के खिलाफ गैर-जमानती धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध किया जाए। इसके साथ ही आरोपितों को अविलंब गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेजा जाए।
शांति-सद्भाव पर चोट, डिजिटल सामग्री हटाने की मांग
ज्ञापन में रेखांकित किया गया है कि सेन-नाई समाज सदियों से अंचल में शांति, आपसी भाईचारे और परस्पर सम्मान के साथ जीवन यापन करता आ रहा है। ऐसे में सोशल मीडिया के माध्यम से किसी वर्ग या जाति को लक्ष्य बनाकर अशोभनीय सामग्री परोसना सीधे तौर पर सामाजिक सद्भाव और शांति व्यवस्था को बिगाड़ने का प्रयास है। समाज के पदाधिकारियों ने पुलिस प्रशासन से आग्रह किया है कि मामले की त्वरित और निष्पक्ष जांच करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से इस आपत्तिजनक गीत के प्रसारण पर भी तत्काल प्रभाव से रोक लगाने के लिए आवश्यक साइबर कदम उठाए जाएं।

