ग्राम भाला में श्मशान घाट को लेकर तनाव: दाह संस्कार और अस्थि संचयन के दौरान धमकी का आरोप, ग्रामीणों ने पुलिस को दी 24 घंटे की चेतावनी
रामानुजगंज/बलरामपुर: रामानुजगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम भाला में श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार और अस्थि संचयन को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद गहरा गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि पारंपरिक स्थान पर दाह संस्कार के बाद अस्थियां एकत्रित करने पहुंचे लोगों को हथियार दिखाकर जान से मारने की धमकी दी गई। विजयनगर पुलिस चौकी में लिखित शिकायत सौंपने के बावजूद अब तक कार्रवाई न होने से ग्रामीणों में आक्रोश है।

10 वर्षों से प्रयुक्त स्थल पर दाह संस्कार को लेकर बढ़ा विवाद जानकारी के अनुसार, ग्राम भाला निवासी राजेंद्र प्रजापति का 6 अगस्त की रात निधन हो गया था। अगले दिन 7 अगस्त को लगभग 140 ग्रामीणों की मौजूदगी में नदी किनारे शव का अंतिम संस्कार किया गया। ग्रामीणों का दावा है कि वे पिछले करीब 10 वर्षों से इसी स्थान का उपयोग दाह संस्कार के लिए करते आ रहे हैं।
अस्थि संचयन के दौरान हथियार दिखाकर दी गई धमकी शिकायत के मुताबिक, 7 अगस्त की शाम जब करीब 10 लोग नदी किनारे अस्थियां चुनने पहुंचे, तब ग्राम चुमरा निवासी कलीम खान व मझर खान तथा ग्राम भाला निवासी मोहन साव पर गाली-गलौज करने का आरोप है। ग्रामीणों का कहना है कि उक्त लोगों ने तलवार और भाला लहराते हुए उन्हें जान से मारने की धमकी दी, जिससे वे अपनी जान बचाकर भागने को मजबूर हुए।
कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि इस घटना से गांव में सांप्रदायिक तनाव बढ़ सकता है और शांति व्यवस्था बिगड़ सकती है। 8 अगस्त को विजयनगर चौकी में लिखित शिकायत देने के बाद भी पुलिस की सुस्ती से असंतोष बढ़ रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से आरोपियों के खिलाफ तत्काल कानूनी कार्रवाई की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि यदि 24 घंटे के भीतर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
