रांची में लोकव्यवस्था जागरण अभियान का प्रांतीय सम्मेलन: 5 राज्यों के प्रबुद्धजन जुटे, सीटू गुप्ता बनीं झारखंड प्रदेश अध्यक्षा
रांची। समाज की स्वशासी चेतना को जागृत करने और जनभागीदारी के माध्यम से रचनात्मक बदलाव की दिशा तय करने के उद्देश्य से रांची के हरमू रोड स्थित सप्त ऋषि सेवा भवन में ‘लोकव्यवस्था जागरण अभियान’ का भव्य प्रांतीय सम्मेलन संपन्न हुआ। सम्मेलन में छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार, ओडिशा और पश्चिम बंगाल से पहुंचे 100 से अधिक शिक्षाविदों, किसानों, उद्यमियों, शोधार्थियों, विद्यार्थियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया और समाज के नवनिर्माण पर विस्तृत मंथन किया।

विभिन्न राज्यों के प्रांतीय अध्यक्ष मनोनीत
सम्मेलन के दौरान सर्वसम्मति से विभिन्न राज्यों के प्रांतीय अध्यक्षों का मनोनयन किया गया। इसमें:
- झारखंड: श्रीमती सीटू गुप्ता
- बिहार: श्री सांवलिया गिरी
- ओडिशा: श्री प्रदीप्त त्रिपाठी
- पश्चिम बंगाल: श्री तपन चक्रवर्ती

छत्तीसगढ़ (रामानुजगंज) के प्रतिनिधियों ने की मेजबानी

इस वृहद सम्मेलन की मेजबानी की जिम्मेदारी छत्तीसगढ़ के रामानुजगंज से पहुंचे ज्ञानयज्ञ परिवार एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने संभाली। इसमें प्रमुख रूप से नरेंद्र सिंह, ज्ञानेंद्र आर्य, मोहन गुप्ता, कन्हैयालाल अग्रवाल एवं रामराज गुप्ता सहित अन्य वरिष्ठ प्रबुद्धजन सक्रिय रूप से उपस्थित रहे।
झारखंड प्रदेश कार्यसमिति का गठन
अधिवेशन में विचार-विमर्श के उपरांत झारखंड लोकव्यवस्था जागरण अभियान की प्रदेश कार्यसमिति की सर्वसम्मत घोषणा की गई:
- प्रदेश अध्यक्षा: श्रीमती सीटू गुप्ता
- प्रदेश संयोजक: डॉ. ओम प्रकाश
- उपाध्यक्ष: सुभाष चंद्र बोस
- महामंत्री: संतोष मखारिया (पलामू)
- सह महामंत्री: गीता कुमारी सिंह (हजारीबाग)
- सह संयोजक: ज्ञानेश साहू (बुंडू)
- संरक्षक मंडल: डॉ. वासुदेव प्रसाद, रामेश्वर प्रसाद गुप्ता (गढ़वा), विजय कुमार सिंह (रेहला), श्याम किशोर सिंह एवं ऊषा मखारिया।
- विशेष आमंत्रित सदस्य: वीरास्वामी (हैदराबाद)

समस्याओं पर चर्चा से आगे बढ़कर समाधान पर काम करना होगा: सीटू गुप्ता
नवनिर्वाचित प्रदेश अध्यक्षा श्रीमती सीटू गुप्ता ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा कि लोकव्यवस्था जागरण अभियान का लक्ष्य केवल संगठन का ढांचा खड़ा करना नहीं है, बल्कि समाज के भीतर सोई हुई स्वशासी शक्ति को जगाना और उसे रचनात्मक दिशा देना है। उन्होंने कहा, “अब केवल व्यवस्थागत समस्याओं पर विलाप करने का समय नहीं है, बल्कि समाज की सामूहिक शक्ति को संगठित कर स्वयं समाधान की दिशा में आगे बढ़ना होगा।” उन्होंने बताया कि झारखंड के सुदूर गांवों से लेकर उच्च शिक्षण संस्थानों तक संवाद, अध्ययन और रचनात्मक कार्यों की एक अटूट श्रृंखला बनाई जाएगी, जिससे लोग अपने विकास में स्वयं सक्रिय भागीदार बन सकें।
8 से 11 अक्टूबर तक विश्वविद्यालयों में ‘जेपी विचार गोष्ठियां’
श्रीमती सीटू गुप्ता ने आगामी कार्ययोजना की घोषणा करते हुए बताया कि 8 से 11 अक्टूबर 2026 तक लोकनायक जयप्रकाश नारायण की जयंती एवं पुण्यतिथि के पावन अवसर पर राज्य के प्रमुख महाविद्यालयों और विश्वविद्यालयों में ‘जयप्रकाश विचार गोष्ठियां’ आयोजित की जाएंगी। इन आयोजनों के जरिए छात्र-छात्राओं और युवाओं के बीच लोकशक्ति, संपूर्ण क्रांति, लोकतांत्रिक चेतना और सामाजिक परिवर्तन पर वैचारिक संवाद स्थापित किया जाएगा।
सम्मेलन के समापन पर सभी प्रांतीय प्रतिनिधियों ने नवनियुक्त पदाधिकारियों को शुभकामनाएं दीं और अभियान को जन-जन तक पहुंचाने का सामूहिक संकल्प दोहराया।
