रामानुजगंज: भीषण गर्मी के बीच चरमराई बिजली व्यवस्था, विभाग की सुस्ती से रात भर बेहाल रहे लोग
पारा 40 डिग्री के पार, वार्ड 13 में ट्रांसफार्मर फेल होने से लो-वोल्टेज की मार; मंगलवार दोपहर तक सुधार की संभावना
बलरामपुर जिला मुख्यालय सहित रामानुजगंज नगर में सोमवार को भीषण गर्मी के बीच बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंचने और उमस बढ़ने के साथ ही नगर के कई वार्डों में बिजली आपूर्ति बाधित रही। दोपहर से शुरू हुई लो-वोल्टेज की समस्या ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया, जिससे न केवल पंखे-कूलर बंद रहे, बल्कि भीषण गर्मी में लोग पसीने से तर-बतर नजर आए।

वार्ड क्रमांक 13 में गहराया संकट नगर के वार्ड क्रमांक 13 में मुख्य ट्रांसफार्मर फेल हो जाने के कारण विद्युत संकट और गहरा गया। स्थानीय निवासियों ने बताया कि वोल्टेज इतना कम था कि बिजली उपकरणों का उपयोग करना असंभव हो गया। भीषण गर्मी और गर्म हवाओं के कारण घरों के भीतर रहना दूभर रहा। इस स्थिति का सबसे बुरा असर बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों पर पड़ा। लोगों का कहना है कि अप्रैल माह में ही जब यह हाल है, तो मई और जून की तपिश में हालात और भी भयावह हो सकते हैं।
विभाग पर लापरवाही का आरोप स्थानीय नागरिकों ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। लोगों का आरोप है कि यदि विभाग तत्परता दिखाता और शाम होने से पहले हाइड्रा (क्रेन) ऑपरेटर की व्यवस्था कर लेता, तो ट्रांसफार्मर को उसी दिन बदला जा सकता था। विभाग की कथित ‘लेट-लतीफी’ के कारण लोगों को राहत की उम्मीद अब अगले दिन पर टाल दी गई है।
जेई का पक्ष: संसाधनों की कमी बनी बाधा इस संबंध में विद्युत विभाग के कनिष्ठ अभियंता (जेई) ने बताया कि ट्रांसफार्मर खराब होने की जानकारी है, लेकिन उसे उतारने और नया ट्रांसफार्मर लगाने के लिए आवश्यक ‘हाइड्रा ऑपरेटर’ उपलब्ध नहीं हो पाया। तकनीकी कारणों और संसाधनों की कमी की वजह से मरम्मत कार्य समय पर शुरू नहीं हो सका। विभाग के अनुसार, मंगलवार दोपहर तक ही बिजली व्यवस्था सुचारू होने की संभावना है।
फिलहाल, भीषण गर्मी के बीच इस बिजली संकट ने प्रशासन और विभाग के दावों की पोल खोल दी है। शहरवासियों ने जल्द से जल्द समस्या के समाधान और भविष्य में ऐसी स्थिति न दोहराने की मांग की है।
